सांगला में रसोई गैस के लिए हाहाकार

सांगला (किन्नौर)। किन्नौर के सांगला में रसोई गैस के लिए हाहाकार मच गया है। सड़क बंद होने से यहां रसोई गैस की आपूर्ति नहीं हो पाई है। इस कारण लोगों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
सिलेंडर न मिलने से सांगला समेत ब्रुआ, शौंग, चांसू, कामरू, थैमगारंग, बटसेरी, रकछम व छितकुल के लोग परेशान हैं। यहां केरोसिन तेल भी न होने से लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। ग्राम पंचायत चांसू के प्रधान अनिल नेगी, सांगला के प्रधान सरोज नेगी, थैमगारंग के उप प्रधान भरत नेगी, रकछम के प्रधान टिकम सिंह नेगी, छितकुल के प्रधान मुकेश नेगी आदि ने कहा कि प्रशासन की लापरवाही के चलते उनको गैस संकट का सामना करना पड़ रहा है।
अगर प्रशासन गोदाम में पहले ही सिलेंडरों का स्टॉक रख लेता तो आज लोगों को भटकना नहीं पड़ता। 16 और 17 जून को भारी बारिश से सांगला सड़क बंद होने से अब यहां के लिए सिलेंडरों की गाड़ी नहीं आ रही है। लकड़ी कटान पर प्रतिबंध होने के कारण लोगों को बिना गैस के खाना बनाना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि सांगला वैली के लिए सिलेंडरों की पर्याप्त व्यवस्था के साथ ही मिट्टी तेल का भी प्रबंधन किया जाए।
गैस एजेेंसी की प्रभारी प्रोमिला ने बताया कि गैस सिलेंडर हवाई सेवा से नहीं लाए जा सकते हैं। इसलिए सड़क बहाली का इंतजार करना होगा। सड़क खुलने के बाद ही सिलेंडर लाए जा सकेंगे। उन्होंने बताया कि लोगों को मिट्टी तेल की सप्लाई दी जा रही है।

Related posts